जिग्नेश का राहुल-प्रियंका कनेक्शन!

सरकार आरोपों की जांच कर रही थी। उसके रहनुमा आरोपी से सौदा कर रहे थे। सौदा किराये को लेकर था।आरोपी अपने अधिकारियों के लिए दिल्ली में गेस्ट हाऊस चाहता था। दिल्ली में तलाश रहा था। उसे वह मिल गया जो मेहरौली में है। है किसका? गांधी परिवार का। नाम किसके हैं ? राहुल गांधी और प्रियंकावाड्रा के। दोनों का मेहरौली में फार्म हाऊस है। इसे जिग्नेश शाह की कंपनी एफटीआईएल ने किराए पर लियाथा। यह बात 2013 की है। यही वह दौर था जब जिग्नेश शाह की जांच तत्कालीन संप्रग सरकार कर रही थी।


उन पर 5,600 करोड़ रुपये की हेराफेरी का आरोप था। इसी समय, एनएसईएल की प्रमोटर कंपनी फायनेंशियलटेक्नोलॉजीस इंडिया लिमिटेड (एफटीआईएल) को तत्कालीन कांग्रेस उपाध्यक्ष राहुल गांधी और प्रियंका गांधीवाड्रा ने दिल्ली स्थित 4.69 एकड़ का फार्म हाउस किराए पर दिया था। एफटीआईएल और राहुल-प्रियंका केबीच रेंट एग्रीमेंट पर 1 दिसंबर, 2013 की तारीख है। इससे करीब 10 महीने पहले एनएसईएल को नियमों केउल्लंघन पर कारण बताओ नोटिस मिला था।एनएसईएल घोटाला जुलाई 2013 में सार्वजनिक हुआ और रेंट एग्रीमेंट अक्टूबर 2013 में खत्म हुआ।


हालांकि लीज 31 दिसंबर, 2013 को खत्म होनी थी। एफटीआईएल और कांग्रेस, दोनों ने इसे सामान्य कारोबारी लेन-देन बताया है। कांग्रेस ने कहा कि तब केंद्र में यूपीए और महाराष्ट्र में कांग्रेस-एनसीपी सरकार ने शाह और उससे जुड़ी अन्य संस्थाओं के खिलाफ ‘निर्णायक और आपराधिक मामलों में कार्रवाई’ की थी। इसमें शाह की गिरμतारी शामिल है। इसी साल 29 नवंबर को प्रवर्तन निदेशालय ने एफटीआईएल (63 मून टेक्नोलॉजीस लिमिटेड) से राहुल-प्रियंका संग उनके समझौते की जानकारी मांगी है। कांग्रेस प्रवक्ता रणदीपसिंह सुरजेवाला के
मुताबिक यह फार्महाउस पैतृक संपत्ति है जो 1960 के दशक में खरीदी गई, इसे कई सालों से किराए पर दिया जाता रहा है। सुरजेवाला ने कहा, ‘पूरे लेन-देन की जानकारी आयकर रिटर्न में दी गई थी। सुरजेवाला ने कहा कि एफटीआईएल या जिग्नेश शाह या उनसे जुड़ी किसी संस्था के खिलाफ किसी कार्रवाई में सोनिया गांधी, राहुल गांधी और प्रियंका वाड्रा के जुड़ाव या हस्तक्षेप का कोई प्रश्न ही नहीं था।’ उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पर ईडी को ‘बदले के हथियार’ की तरह इस्तेमाल करने का आरोप लगाया।


दूसरी ओर यह मामला समाने आने के बाद भाजपा हमलावर हो गई है। भाजपा ने कहा है कि राहुल गांधी अलीबाबा है, जिनके इर्द-गिर्द 40 चोरों ने देश को लूटा है। पार्टी का दावा है कि राहुल गांधी के खाते में घूस का सीधा पैसा जाता है। वे आकंठ भ्रष्टाचार में डूबे हुए हैं। भाजपा के मुताबिक यूपीए सरकार ने एनएसइएल कंपनी को किसी भी रेगुलेशन से मुक्त कर दिया था। पार्टी का दावा है कि एनएसआईएल कंपनी को रेगुलेशन से छूट करने को लेकर आपत्ति दजऱ् कराई गई, लेकिन डेढ़ साल तक कोई भी कार्रवाई नहीं हुई। पार्टी के मुताबिक कांग्रेस का असली चेहरा यही है। वह हमेशा भ्रष्टाचारियों के साथ खड़ी रही है।

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